स्कूलों में पढ़ाई के घंटे बदला, नया टाइम-टेबल लागू

देहरादून।राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी-2020) के प्रावधानों के तहत अब एक शैक्षणिक सत्र में 34 सप्ताह तथा प्रति सप्ताह कम से कम 32 घंटे की पढ़ाई अनिवार्य कर दी गई है। इसी क्रम में शिक्षा विभाग द्वारा स्कूलों के लिए नया समय-सारिणी जारी किया गया है।

नई व्यवस्था के अनुसार विद्यालय समय का पुनः निर्धारण किया गया है, ताकि छात्रों को निर्धारित शैक्षणिक घंटे पूरे कराए जा सकें। विभाग ने स्पष्ट किया है कि प्रत्येक पीरियड की अवधि और मध्यांतर (लंच ब्रेक) का समय भी तय कर दिया गया है, जिससे पढ़ाई के साथ-साथ विद्यार्थियों को पर्याप्त विश्राम मिल सके।

जारी निर्देशों के अनुसार प्रार्थना सभा 20 मिनट की होगी। इसके बाद अलग-अलग पीरियड 40-40 मिनट के निर्धारित किए गए हैं। विद्यालयों में सुबह की कक्षाएं प्रातः लगभग 7:45 बजे से प्रारंभ होकर दोपहर बाद तक संचालित होंगी। मध्यांतर का समय भी तय किया गया है, जिससे शैक्षणिक अनुशासन बना रहे।

शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार इस नए समय-सारिणी से विषयों की पढ़ाई के लिए अतिरिक्त समय मिलेगा, विशेषकर गणित और अंग्रेज़ी जैसे विषयों में छात्रों को अधिक अभ्यास का अवसर प्राप्त होगा। स्कूल प्रबंधन को निर्देश दिए गए हैं कि वे स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार समय-सारिणी को प्रभावी रूप से लागू करें।

 

विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि

ग्रीष्मकालीन विद्यालय समय: 1 अप्रैल से 30 सितंबर तक

शीतकालीन विद्यालय समय: 1 अक्टूबर से 31 मार्च तक लागू रहेगान

शैक्षणिक ढांचे का उद्देश्य छात्रों की सीखने की क्षमता को मजबूत करना और एनईपी-2020 के लक्ष्यों को जमीनी स्तर पर प्रभावी ढंग से लागू करना है।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *