Deradun. asha bhosle.. भारतीय संगीत जगत की दिग्गज और बहुमुखी गायिका आशा भोसले का 92 वर्ष की उम्र में निधन हो गया है। उनके निधन की खबर से पूरे देश में शोक की लहर दौड़ गई है। बॉलीवुड ही नहीं, साउथ सिनेमा और संगीत प्रेमियों के बीच भी गहरा दुख देखा जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, 11 अप्रैल को उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई थी, जिसके बाद उन्हें ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनकी पोती जनाई भोसले ने सोशल मीडिया के माध्यम से बताया था कि आशा ताई को ‘अत्यधिक कमजोरी’ और ‘सीने में संक्रमण’ की शिकायत के चलते अस्पताल में भर्ती किया गया है। इलाज के दौरान ही उन्होंने अंतिम सांस ली।

आशा भोसले का नाम गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में सबसे अधिक गाने रिकॉर्ड करने वाली गायिका के रूप में दर्ज है। उनका करियर सात दशकों से भी अधिक समय तक फैला रहा, जिसमें उन्होंने हजारों गीतों को अपनी आवाज दी। उनकी गायकी की खासियत उनकी बहुमुखी प्रतिभा थी—क्लासिकल, ग़ज़ल, पॉप, फिल्मी गीत, हर शैली में उन्होंने अपनी अमिट छाप छोड़ी। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 1943 में मराठी फिल्म माझा बल के एक गीत से की थी। उस समय उनकी उम्र मात्र 10 वर्ष थी। इसके बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा और भारतीय संगीत की सबसे प्रभावशाली आवाज़ों में शामिल हो गईं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है और उन्हें भारतीय संगीत की अमर आवाज़ बताया। सोशल मीडिया पर कई बड़े कलाकारों और हस्तियों ने भी उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है। आशा भोसले के जाने से भारतीय संगीत का एक स्वर्णिम अध्याय समाप्त हो गया है। उनकी आवाज़, उनके गीत और उनकी विरासत हमेशा संगीत प्रेमियों के दिलों में जीवित रहेंगे।
पीएम मोदी ने आशा भोसले के लिए जताया दुख
नरेंद्र मोदी ने x पर लिखा, ‘भारत की सबसे प्रतिष्ठित और बहुमुखी आवाजों में से एक, आशा भोसले जी के निधन से मैं अत्यंत दुखी हूं। दशकों तक फैले उनके असाधारण संगीतमय सफर ने हमारी सांस्कृतिक विरासत को समृद्ध किया और दुनिया भर में अनगिनत दिलों को छुआ। चाहे उनकी भावपूर्ण धुनें हों या जीवंत रचनाएं, उनकी आवाज में एक शाश्वत चमक थी। उनके साथ बिताए पलों को मैं हमेशा संजो कर रखूंगा। उनके परिवार, फैंस और संगीत प्रेमियों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। वे पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेंगी और उनके गीत हमेशा लोगों के जीवन में गूंजते रहेंगे।’

समाचार की दुनिया में हमें 15 साल से ज्यादा प्रिंट मीडिया काम करने का अनुभव है, जो आगे भी निरंतर जारी है। हमारा प्रयास रहेगा कि आपको देवभूमि की संस्कृति, परंपराओं और पर्यटन के साथ साथ सरकार की नीतियों, देश-दुनिया व क्राईम घटनाओं के बारे में सही जानकारी दें और आपको खबरों के माध्यम से अपडेट रखें। आप जन उत्तराखंड पोर्टल में कमेंट कर अपने सुझाव एवं न्यूज की जानकारी भी दें सकते है।